मची चीख-पुकार, राहगीरों ने बचाई जान
झांसी। जनपद के थाना प्रेमनगर के हंसारी क्षेत्र में रेलवे क्रासिंग के पास सोमवार सुबह 9.25 बजे उस समय बड़ा हादसा हो गया, जब अत्यधिक सवारियों से भरा एक इलेक्ट्रिक ऑटो अनियंत्रित होकर पलट गया। ऑटो हंसारी से झांसी की ओर जा रहा था और उसमें क्षमता से कई गुना अधिक सवारियां बैठी थीं।
इस ऑटो में कुल 11 वयस्क और 3 बच्चे सवार थे, जबकि ऑटो का परमिट केवल 3 सवारियों का है। आगे ड्राइवर के साथ दो बुजुर्ग और एक बच्चा बैठा था, जबकि पीछे करीब 9 सवारियां ठूंस-ठूंस कर बैठाई गई थीं।
ऑटो चालक के अनुसार, आगे बैठे एक बुजुर्ग व्यक्ति को चलते वाहन में झपकी आ गई और उनका हाथ अचानक हैंडल से टकरा गया, जिससे ऑटो का संतुलन बिगड़ गया। तेज रफ्तार के कारण वाहन पलट गया। दुर्घटना इतनी गंभीर थी कि पलटने के बाद ऑटो का मुंह झांसी से उलटकर बबीना की दिशा में हो गया।
ऑटो पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत दौड़कर ऑटो को सीधा किया और उसमें फंसी सवारियों को बाहर निकाला। कई यात्री घायल हुए, जिनमें कुछ गंभीर रूप से चोटिल बताए जा रहे हैं। सूचना तत्काल प्रेमनगर थाना पुलिस को दी गई। साथ ही आम नागरिकों ने 108 Ambulance Service पर कॉल कर एम्बुलेंस बुलाई। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।
ओवरलोड वाहनों का धड़ल्ले से संचालन
स्थानीय लोगों और ऑटो चालकों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि झांसी-जेल चौराहे पर तैनात यातायात पुलिस की मौजूदगी के बावजूद ऑटो में 12 से 16 सवारियां भरकर खुलेआम संचालन होता है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होती। एक चालक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि झांसी से बबीना रूट पर ऑटो चालकों से हर महीने अवैध वसूली की जाती है। इसके अलावा नगर निगम की पार्किंग के नाम पर प्रतिदिन 20 रुपये भी लिए जाते हैं।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि सोनू नाम का एक व्यक्ति जेल चौराहे पर दिनभर ऑटो चालकों से पैसे वसूलता नजर आता है और यातायात पुलिसकर्मियों से बातचीत करता रहता है।
यह हादसा एक बार फिर ओवरलोडिंग और यातायात नियमों की अनदेखी की गंभीरता को उजागर करता है। यदि ऑटो में क्षमता से अधिक सवारियां न होतीं, तो संभवतः यह दुर्घटना टल सकती थी।














