झांसी। उत्तर मध्य रेल कर्मचारी संघ के कार्यकर्ताओं ने अनिल कुमार शुक्ल मंडल मंत्री / जोनल संगठन मंत्री के नेतृत्व में जुलूस निकाल कर मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय, झांसी पहुँच कर अपर मंडल रेल प्रबंधक को ज्ञापन सौंपा। कार्यक्रम में कर्मचारियों ने एकजुट होकर रेलवे बोर्ड की कर्मचारी विरोधी नीतियों के प्रति अपना विरोध दर्ज कराया तथा मांगों के शीघ्र समाधान की अपेक्षा व्यक्त की।
ज्ञापन के माध्यम से रेलवे बोर्ड द्वारा 30,000 पदों के समर्पण (सरेण्डर) संबंधी आदेश को तत्काल वापस लेने की मांग की गई। साथ ही संघ ने स्थायी प्रकृति के कार्यों को ठेकेदारों को सौंपने की नीति पर रोक लगाने, रेलवे के निजीकरण की प्रक्रिया बंद करने तथा नए रेल कार्यों एवं परियोजनाओं के लिए नए पदों का सृजन करने की मांग प्रमुखता से उठाई।
संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि रेलवे में पहले से ही कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसके कारण कर्मचारियों पर लगातार कार्यभार बढ़ रहा है तथा रेल संरक्षा एवं यात्रियों की सुविधाएँ प्रभावित हो रही हैं। ऐसे में पदों का समर्पण रेलवे और कर्मचारियों दोनों के हितों के विपरीत है।
ज्ञापन भेंट करने के अवसर पर विभाग प्रमुख चंद्रकांत चतुर्वेदी, भारतीय मजदूर संघ के जिला अध्यक्ष वेद प्रकाश पुरोहित, अध्यक्ष हेमंत विश्वकर्मा, मंडल संगठन मंत्री राजेश कुमार ठाकुरानी, मंडल उपाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह चंदेल मंडल कोषाध्यक्ष के. एन. गुप्ता, मंडल सहायक सचिव मनीष बाजपेई, दिलीप कुमार, अंकित श्रीवास्तव, सुनील गुप्ता, सी पी शर्मा, हरिमोहन शर्मा,सुनील मिश्रा, संजय तिवारी,संजीव वर्मा, दयानिधि मिश्रा, यक्षेश सनोरिया, ज्योति खरे, राजेंद्र परिहार, आरती तमौरी, अश्विनी गोस्वामी कुलदीप नायक, हेमंत नायक, मनोज सोनकिया, पीके गुबरेल, ब्रजेश शुक्ल, राजेंद्र राय, राजकपूर, सुनील झा, सुनील शर्मा, एरिका मंडल अध्यक्ष संजय कुमार तिवारी और मंडल मंत्री हरि मोहन शर्मा, मंडल कोषाध्यक्ष सुनील मिश्रा अपने कार्यकर्ताओं के साथ उपस्थित रहे।














