
खाली कराई आस-पड़ोस की दुकानें, पुलिस, आर्मी, पारीछा की दमकल टीमों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया
झांसी। शहर के व्यस्ततम गांधी रोड बाजार में बुधवार सायं लगभग 5 बजे तीसरी बार फिर से चौधरी पेंट हाउस की दो मंजिला बिल्डिंग में भीषण आग लग गई। इस बार आग की लपटें करीब 25 फीट ऊंची उठती देखी गईं जबकि धुएं का गुबार करीब एक किमी दूर से नजर आ रहा था। आग बुझाने के लिए पुलिस, सेना, पारीछा थर्मल पॉवर दमकल की दो दर्जन से अधिक गाड़ियां व कर्मचारी आग बुझाने के जूझते रहे। आग की भयावहता को देखते हुए इस दौरान प्रतिष्ठान के आसपास की दुकानों को खाली करा लिया गया। कई घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग को काबू में कर लिया गया है।
चौधरी पेंट हाउस में दो बार लगी भीषण आग के बाद उम्मीद नहीं थी कि दुकान/गोदाम में तीसरी बार फिर से ज्वालामुखी फट जायेगा और इस बार आग इतनी भीषण होगी कि आसपास की दुकानों को खाली कराना पड़ेगा। दरअसल, दुकान/ गोदाम में भरा लाखों रुपए का पेंट और केमिकल्स की आग बुधवार सायं लगभग 5 बजे अचानक फिर से भड़क उठी और कुछ ही मिनटों में भीषण हो गई। दुकान में सीलपैक पेंट के डिब्बे बम की तरह ब्लास्ट हो रहे थे और केमिकल से आग की लपटें सुरसा के मुंह की तरह फैलते हुए आस-पड़ोस की दुकानों व इमारतों को चपेट में लेने के लिए लपलपा रही थीं। आग की भयावहता को देखते हुए आस-पड़ोस की दुकानें खाली करा ली गई। दमकल की गाड़ियों की आवाजाही को देखते हुए बाजार बंद व्यापारी भी मौके पर तमाशबीन नज़र आए।
प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार आग की लपटों से दुकान की छत गिर गई, दो दर्जन से अधिक दमकल गाड़ियों और सेना की मदद से आग पर काबू करने की कवायद चलती रही।व्यापारियों और स्थानीय लोगों के बीच अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। पुलिस व सेना की दमकल टीमों की कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार आग पर नियंत्रण पाया जा सका।
गौरतलब है कि पहले पेंट हाउस के गोदाम में दो बार लगी थी और तीसरी बार भी वहीं से आग भड़की। घटना स्थल पर सिटी मजिस्ट्रेट, सीओ सिटी सहित भारी पुलिस बल मौके पर मौजूद रहा। प्रशासन ने पूरे क्षेत्र की निगरानी करते हुए सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी।
सिटी मजिस्ट्रेट प्रमोद झा ने बताया- पारीछा से CISF की भी फायर टेंडर आ गई। आर्मी को कॉल करके उनके टेंडर भी बुलाए गए हैं। आग अभी काबू में है, आगे नहीं बढ़ रही। ये दुकान पेंट की थी और पीछे भी उनके पेंट-थिनर रखे थे, इसलिए आग बुझाने में थोड़ा समय लगेगा। आस-पास के दो-तीन-चार दुकानें और घर खाली करा लिए गए हैं।
लाखों के नुकसान की आशंका, जनहानि नहीं
इस भीषण अग्निकांड में राहत की बात यह रही कि किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। हालांकि, आग से दुकान में लाखों रुपये के पेंट आदि कैमिकल ख़ाक हो गया। उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजय पटवारी ने बताया- आज से लगभग 33 वर्ष पहले इसी गांधी रोड पर इसी जगह इतनी ही विकराल आग लगी थी। उस समय एक कैजुअलिटी हुई थी। गनीमत है कि इस समय कैजुअलिटी कोई नहीं हुई है। चार-पांच करोड़ के नुकसान की संभावना जताई जा रही है। दुकान में रखा कैश भी जल गया है। जितना भी स्टॉक था, वो पूरा जल गया है।














