किसान बाजार के नाम बदलने की भी की मांग
झांसी। पुरानी गल्ला मंडी मार्ग पर उत्तर प्रदेश सरकार की मंडी परिषद द्वारा किसान बाजार का 2013 में निर्माण किया गया था, तब से अब तक लगातार व्यापारी अपने व्यापार के लिए संघर्ष कर रहे हैं और अवस्थाओं / समस्याओं को लेकर व्यापारी परेशान है। समस्याओं के निराकरण हेतु किसान बाजार के व्यापारियों ने आज उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष एवं कैट के राष्ट्रीय संयुक्त महामंत्री संजय पटवारी के नेतृत्व में किसान बाजार में धरना व प्रदर्शन किया ।
इस दौरान सरकार से किसान बाजार की समस्याओं / अव्यवस्थाओं सहित विभिन्न विषयों पर अपनी मांग रखते हुए कहा कि वर्तमान में किसान बाजार में रात्रि प्रकाश की किसी प्रकार की कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे शाम व रात्रि में असामाजिक तत्व सक्रिय हो जाते हैं, किसी भी प्रकार की हादसा होने की संभावना बनी रहती है, इसी प्रकार किसान बाजार में पार्किंग का स्थल बनाया गया था पर वर्तमान में बीड़ा द्वारा उस में जनरेटर रखकर उसका अधिग्रहण कर लिया है, जिससे कि किसान बाजार में पार्किंग की समस्या आन खड़ी हुई है। इस समस्या को लेकर अब किसान बाजार में व्यापारी आने से भी कतराने लगा है। इसी प्रकार साफ सफाई व पानी की अवस्थाओं को लेकर भी व्यापारी बहुत परेशान है, सुरक्षा की दृष्टि से किसान बाजार में गार्ड की संख्या बहुत कम है जिसे लेकर व्यापारी हमेशा चिंतित व परेशान रहते है, ऐसे में सुरक्षा गार्ड की संख्या बढ़ाई जाने की भी मांग की !
व्यापारियों ने यह भी मांग की की किसान बाजार का नाम बदल कर दीनदयाल उपाध्याय बाजार रखा जाए जिससे कि यह प्रदर्शित न हो कि यह बाजार सिर्फ किसानों के लिए है आम व्यापारियों के लिए भी है बाजार उपलब्ध है, किसान बाजार में रखरखाव के कारण जगह फुटपाथ नाली भी टूट गई है व साफ सफाई की व्यवस्था भी सही ढंग से नहीं हो रही है एवं अग्नि श्रम यंत्र भी बेकार पड़े हुए हैं जिसे अभिलंब ठीक कर जाने की मांग की !
इस अवसर पर किसान बाजार के व्यापारी अभिषेक सोनकिया, विवेक राय, तरुण यादव, वीरेंद्र वर्मा, मिथुन अहिरवार, संदीप वर्मा, धर्मपाल सिंह, विशाल राय, अविनाश ठाकुर, राजीव कुमार, महानगर अध्यक्ष पंकज शुक्ला, चैयरमेन दिलीप अग्रवाल, कृष्णा राय, अजय तिवारी, अजय चड्ढा, सक्षम शुक्ला, संतोष कुमार आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। संचालन किसान बाजार के महामंत्री मनोज प्रजापति ने एवं आभार शांतनु घोष व्यक्त किया।














