
फॉर्म-जे में नए चुने गए लोगों का नाम शामिल कर दिया गया : पाण्डेय
प्रयागराज। प्रयागराज में उत्तर मध्य रेलवे कर्मचारी संघ की कथित कार्यसमिति की बैठक में रूपम पाण्डेय के निष्कासित करने को असंवैधानिक करार दिया गया है। रूपम पाण्डेय ने दावा किया गया है कि बैठक करने वालों को 12 जुलाई 26 से किसी प्रकार का कोई संवैधानिक और क़ानूनी अधिकार नहीं है।
उन्होंने अवगत कराया है कि उत्तर मध्य रेलवे कर्मचारी संघ की 12 जुलाई 2026 को आम सभा प्रयागराज में हुई थी जिसमें पूर्व अध्यक्ष हेमंत विश्वकर्मा, पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष निर्भय सिंह, पूर्व उपाध्यक्ष रुक्मानंद पाण्डेय, पूर्व संयुक्त मंत्री कुंदन सिंह (त्याग पत्र स्वीकार कर) संघ से निष्काषित कर दिया गया था। 06 अगस्त 2026 को उप रजिस्ट्रार ट्रेड यूनियन और उप श्रम आयुक्त, प्रयागराज द्वारा यूनियन के दस्तावेज और फॉर्म-जे में उक्त लोगों का नाम हटा कर नए चुने गए लोगों का नाम शामिल कर दिया गया, उक्त लोगों का 12 जुलाई 2026 से संघ पर किसी प्रकार का कोई संवैधानिक और क़ानूनी अधिकार नहीं है।
उन्होंने बताया कि नए लोगों कि सूची और फॉर्म जे इस पत्र के साथ संलग्न किया गया है जिसमें
1- अध्यक्ष तेज पाल सिंह
2- कार्यकारी अध्यक्ष संजय तिवारी
3- संगठन मंत्री अनिल शुक्ल
4- उपाध्यक्ष उषा देवी
5- संयुक्त मंत्री सनत तिवारी
6- महामंत्री रूपम पाण्डेय हैं।














