पुलिस व प्रशासनिक अमले की देख-रेख में अवैध कब्जा ध्वस्तीकरण
झांसी। वर्षों से झांसी के किला मार्ग पर मुक्ताकाशी मंच के निकट सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर बनाई गई हजरत इमरती शाह बाबा मजार पर बुलडोजर एक्शन कर जमींदोज कर दिया गया। ध्वस्तीकरण की यह कार्रवाई पुलिस व प्रशासनिक अमले की मौजूदगी में हुई। कार्रवाई के दौरान मीडिया को घटना स्थल पर झांकने तक नहीं दिया गया।
दरअसल, शहर के नवाबाद थाना क्षेत्र में झांसी के किला मार्ग पर मुक्ताकाशी मंच के निकट सरकारी जमीन पर कब्जा कर कतिपय लोगों द्वारा एक मजार बना दी गई थी और इस पर हजरत इमरती शाह बाबा की मजार लिखवा दिया गया। इस पर कोई आपत्ति/विरोध नहीं होने पर कब्जा करने वालों ने मजार को विशाल रूप दे दिया। इस स्थिति के चलते कुछ लोगों द्वारा इसका विरोध शुरू कर दिया गया।
प्रबल विरोध के चलते सोते से जागे प्रशासन ने जांच पड़ताल की तो कथित मजार सरकारी जमीन पर बनी पाई गई। इस पर मजार के हिमायतियों से जमीन के दस्तावेज तलब कर लिये, किंतु जब कोई कागजात नहीं उपलब्ध हुए तो इस पर कार्रवाई का निर्णय लिया गया। प्रशासन के सख्त रुख को देखते हुए संबंधित लोगों द्वारा किनारा कर लिया गया। इसके बाद मंगलवार को इस मजार पर बुलडोजर एक्शन का निर्णय लिया गया।
योजना के तहत सरकारी जमीन से मजार को हटाने के लिए भारी पुलिस बल की मौजूदगी में झांसी विकास प्राधिकरण की टीम जेसीबी के साथ वहां पहुंच गयी। पुलिस ने एहतियात के तौर पर मजार इलाके को पूरी तरह से घेर लिया और मीडिया सहित आम लोगों के अंदर जाने पर रोक लगा दी गई। इसके बाद जेसीबी ने सरकारी जमीन को कब्ज़ा मुक्त की कार्रवाई शुरू कर दी। इसकी खबर मिलते ही मीडिया की टीम मौके पर पहुंची, किंतु किसी को भी मौके पर नहीं जाने दिया गया।
करीब दो घंटे की कार्रवाई के बाद मजार को जमींदोज कर समतल कर दिया गया। भूमि को पूरी तरह से कब्जा मुक्त कराने के बाद पुलिस व प्रशासनिक अमला वापस लौट गया।
झांसी विकास प्राधिकरण के एक्सईएन राजकुमार ने बताया कि यह विकास प्राधिकरण की जमीन है और इस पर अवैध अतिक्रमण था। इन्हें अतिक्रमण हटाने के लिए नोटिस भी दिया गया था। इन लोगों ने कुछ अतिक्रमण अपने आप हटा लिया था लेकिन कुछ अतिक्रमण बना हुआ था, जिसको आज मुक्त कराया गया है।













