झांसी। न्यायालय संख्या-2 अपर सत्र न्यायाधीश अनुभव द्विवेदी के न्यायालय में 4 साल पहले घर में घुसकर छात्रा से रेप करने का दोष सिद्ध होने पर अभियुक्त को 10 साल के सश्रम कारावास की सजा व 25 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। नहीं देने पर एक साल की जेल अतिरिक्त काटनी होगी।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता देवेंद्र पांचाल ने बताया- पीड़िता ने 7 अगस्त 2022 को कोतवाली थाना में तहरीर दी थी। जिसमें बताया था कि वह बीए प्रथम वर्ष की छात्रा है। जब कॉलेज या ट्यूशन जाती हूं तो अखिलेश पाल निवासी कोतवाली थाना क्षेत्र के दतिया गेट बाहर नकटा चौपड़ा पीछा करके अश्लील हरकतें करता है। 10 अप्रैल 2022 को वह घर पर अकेली थी, माता-पिता बाजार गए थे। तभी अकेला पाकर अखिलेश घर में घुस आया और मुंह दबाकर जबरन रेप किया। धमकी दी कि शिकायत करोगी तो चेहरे पर तेजाब डालकर जला देंगे। माता-पिता के घर लौटने पर मैंने आप बीती सुनाई।
उलाहना देने पर आरोपी के पिता गुरुदयाल, मां उर्मिला, चाचा सेबू, चाची गीता ने गाली गलौच करते हुए मुझे और मेरे माता-पिता से मारपीट की। आसपास के लोगों ने बीच बचाव कर बचाया। आरोपियों ने शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी। धमकी और बदनामी की वजह से हमने शिकायत नहीं की। अब आरोपी 3 दिनों से मोबाइल पर धमकी भरे मैसेज भेज रहा हैं। इसलिए शिकायत करने थाने आई हूं।
पुलिस ने केस दर्ज करके आरोपियों को गिरफ्तार किया था। बाद में उनके खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किए गए। तमाम सबूतों के आधार पर कोर्ट ने अखिलेश को रेप का दोषी करार देते हुए 10 साल की जेल और 25 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। बाकी के घरवालों को बरी कर दिया।













